Sri. R.K. Srivastava

Chairman

ईश्वर शरण डिग्री कॉलेज की एक अच्छी और अनूठी  पहल है। यह समय राष्ट्र के साथ-साथ छात्रों के लिए भी  एक कठिन समय है। इसमें महाविद्यालय को परम्परागत दायरों से बाहर निकल कर छात्रों की मदद करनी होगी।

Prof. Anand Shanker Singh

Principal

कॉलेज के लिए, छात्र हमेशा पहले स्थान पर आते हैं। छात्रों की किसी भी प्रकार की समस्या के लिए ये पोर्टल बहुत उपयोगी साबित होगा।

Dr. Viveka Nand Tripathi

Assistant Professor

COVID-19 की अवधि के बाद, दुनिया पहले जैसी नहीं रहेगी। यही  समय है, हमें पुराने तरीकों और दायरों को तोड़ कर  छात्रों तक अपनी पहुंच बनाने का ताकि हम लोग वक़्त रहते उनकी मदद कर सकें। बदली परिस्थितियों में भारत के भविष्य को बचाने का और उसके निर्माण का अब यही तरीका है।  

About COVID-19

आइए जानते हैं कि इस वायरस के लक्षण और बचाव के तरीके क्या हैं.
 

  1. क्या है कोरोना वायरस?
    कोरोना वायरस का संबंध वायरस के ऐसे परिवार से है, जिसके संक्रमण से जुकाम से लेकर सांस लेने में तकलीफ जैसी समस्या हो सकती है। इस वायरस को पहले कभी नहीं देखा गया है. इस वायरस का संक्रमण दिसंबर में चीन के वुहान में शुरू हुआ था. डब्लूएचओ के मुताबिक, बुखार, खांसी, सांस लेने में तकलीफ इसके लक्षण हैं. अब तक इस वायरस को फैलने से रोकने वाला कोई टीका नहीं बना है।

  2. क्या हैं इस बीमारी के लक्षण? इसके लक्षण फ्लू से मिलते-जुलते हैं। संक्रमण के फलस्वरूप बुखार, जुकाम, सांस लेने में तकलीफ, नाक बहना और गले में खराश जैसी समस्या उत्पन्न होती हैं। यह वायरस एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैलता है। इसलिए इसे लेकर बहुत सावधानी बरती जा रही है। कुछ मामलों में कोरोना वायरस घातक भी हो सकता है। खास तौर पर अधिक उम्र के लोग और जिन्हें पहले से अस्थमा, डायबिटीज़ और हार्ट की बीमारी है।

  3. क्या हैं इससे बचाव के उपाय? स्‍वास्‍थ्‍य मंत्रालय ने कोरोना वायरस से बचने के लिए दिशानिर्देश जारी किए हैं। इनके मुताबिक, बाहर से आने पर या बाहरी किसी चीज़ को हाँथ में लेने के बाद हाथों को साबुन से धोना चाहिए, अल्‍कोहल आधारित हैंड रब का इस्‍तेमाल भी किया जा सकता है, खांसते और छीकते समय नाक और मुंह रूमाल या टिश्‍यू पेपर से ढककर रखने चाहिए। जिन व्‍यक्तियों में कोल्‍ड और फ्लू के लक्षण हों उनसे उचित दूरी बनाकर रखें।अधपके अंडे और मांस के सेवन से बचें।घर से बाहर निकलते समय मास्क ज़रूर से लगाएँ तथा सरकार द्वारा बताये गये सोशल डिसटेंसिंग के नियमों का कड़ाई से पालन करें।

कोरोना की पहचान के लिए इन लक्षणों पर गौर करें

  1. तेज बुखार आनाः अगर किसी व्यक्ति को सूखी खांसी के साथ तेज बुखार है तो उसे एक बार जरूर जांच करानी चाहिए. यदि आपका तापमान 99.0 और 99.5 डिग्री फारेनहाइट है तो उसे बुखार नहीं मानेंगे। अगर तापमान 100 डिग्री फ़ारेनहाइट (37.7 डिग्री सेल्सियस) या इससे ऊपर पहुंचता है तभी यह चिंता का विषय है।

  2. कफ और सूखी खांसीः पाया गया है कि कोरोना वायरस कफ होता है मगर संक्रमित व्यक्ति को सूखी खांसी आती है।

  3.  सांस लेने में समस्याः कोरोना वायरस से संक्रमित होने के औसतन 5 दिनों के अंदर व्यक्ति को सांस लेने में समस्या हो सकती है। सांस लेने की समस्या दरअसल फेफड़ो में फैलते संक्रमण और कफ के कारण होती है।

  4. फ्लू-कोल़्ड जैसे लक्षणः विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के अनुसार कोरोना वायरस से संक्रमित होने पर कभी-कभी बुखार, खांसी, सांस में दिक्कत के अलावा फ्लू और कोल्ड जैसे लक्षण भी हो सकते हैं।

  5. डायरिया और उल्टीः कोरोना से संक्रमित लोगों में डायरिया और उल्टी के भी लक्षण देखे गए है। करीब 30 प्रतिशत लोगों में इस तरह के लक्षण पाये गए हैं।

  6. सूंघने और स्वाद की क्षमता में कमीः बहुत से मामलों में पाया गया है कि कोरोना से संक्रमित लोगों की सूंघने और स्वाद की क्षमता में भी कमी आती है।

Note : 

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ईश्वर शरण महाविद्यालय के छात्र छात्राओं के लिए लॉक -डाउन की अवधि में उनकी अकादमिक, आर्थिक, आवासीय, मनोस्थिति सम्बन्धी एवं व्यक्तिगत समस्याओं के समुचित निवारण हेतु यह विशेष सुविधा आन लाइन उपलब्ध करायी जा रही है। इस माध्यम से आपकी समस्या संबंधित शिक्षक ,विभाग या महाविद्यालय प्रशासन तक पहुंच जाएगी, तदनुसार संबंधित शिक्षक, विभागीय समन्वयक या कोई भी प्रशासनिक अधिकारी आपसे स्वयं व्हाट्सएप या ईमेल के माध्यम से 24 घंटे के अंदर संपर्क करेंगे| अपना  विवरण देते समय अपना इनरोलमेंट नंबर( द्वितीय एवं तृतीय वर्ष एवं एम.ए. के लिए) या प्रवेश फ़ीस रसीद की संख्या (प्रथम वर्ष के लिए)देना अनिवार्य है।

 

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